Friday, 28 April 2017

काश कोई...

काश कोई ऐसा सितारा भी होता आशमां में,
जो सिर्फ मेरे लिए चमकता पुरे आसमान में।

काश कोई ऐसा शख्स भी होता इस जहाँ में,
जो सिर्फ मेरे लिए सजता हर शाम में।

काश कोई ऐसी बात भी होती तेरे लबों में,
जो सिर्फ मेरे लिए बोली गयी होती मेरे लिए,तेरे हर तलब में ।

काश कोई ऐसी बारिश भी होती पूरे सावन में,
जो सिर्फ गिरती पूरे शहर को छोड़,मेरे छत में।

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